रामनगर पड़ाव के नीबूपुर में कई बीघे में अवैध प्लाटिंग का आरोप, वीडीए की चुप्पी पर उठे सवाल

 वाराणसी। रामनगर पड़ाव क्षेत्र स्थित नई बस्ती नीबूपुर में बड़े


पैमाने पर कथित रूप से कई बीघे भूमि पर अवैध प्लाटिंग किए जाने का मामला सामने आया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि बिना वैधानिक स्वीकृति और आवश्यक विकास कार्यों के भूखंडों की बिक्री की जा रही है, जबकि संबंधित विभाग इस पूरे मामले पर मौन बना हुआ है।


क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि औसाब नामक व्यक्ति द्वारा कई बीघे क्षेत्र में प्लाटिंग कर भूखंड बेचे जा रहे हैं। आरोप है कि इस कार्य के लिए न तो वैध लेआउट स्वीकृत कराया गया है और न ही नियमानुसार सड़क, नाली, जल निकासी तथा अन्य आधारभूत सुविधाओं का विकास किया गया है। इसके बावजूद खुलेआम प्लाटिंग का कार्य जारी है।

क्या कहते हैं नियम

उत्तर प्रदेश नगर नियोजन एवं विकास अधिनियम, 1973 तथा वाराणसी विकास प्राधिकरण के नियमों के अनुसार विकास प्राधिकरण क्षेत्र में किसी भी भूमि की प्लाटिंग या कॉलोनी विकसित करने से पहले सक्षम प्राधिकारी से लेआउट प्लान की स्वीकृति लेना अनिवार्य है। बिना स्वीकृति प्लाटिंग करना नियमों का उल्लंघन माना जाता है। ऐसे मामलों में विकास प्राधिकरण को निर्माण रोकने, अवैध विकास हटाने तथा संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध विधिक कार्रवाई करने का अधिकार प्राप्त है।

स्थानीय लोगों का आरोप है कि यदि यह प्लाटिंग बिना स्वीकृति के हो रही है तो वाराणसी विकास प्राधिकरण के अधिकारियों द्वारा अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं किया जाना कई सवाल खड़े करता है। लोगों ने मांग की है कि पूरे मामले की जांच कराई जाए और यदि अनियमितता पाई जाए तो नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

यदि संबंधित प्लाटिंग वैध स्वीकृति के साथ की जा रही है तो वाराणसी विकास प्राधिकरण को इसकी स्थिति सार्वजनिक कर भ्रम दूर करना चाहिए। वहीं यदि स्वीकृति नहीं है तो अवैध प्लाटिंग पर तत्काल रोक लगाकर नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए।

एक टिप्पणी भेजें

और नया पुराने